जिसका मुझे था इंतज़ार

जिसका मुझे था इंतज़ार 


जिसका मुझे था इंतज़ार जिसके लिए दिल था बेक़रार
वो घड़ी आ गई आ गई
आज प्यार मे हद से गुज़र जाना है
मार देना है तुझको या मर जाना है

मुझपे क्या गुज़री तू क्या जाने तू क्या समझे ओ दीवाने
ले के रहूंगी बदला तुझसे आई हूँ दिल की आग बुझाने
ओ क़ातिल मेरी नज़रों से बच के कहाँ जायगा
ओ क़ातिल मेरी नज़रों से बच के कहाँ जायगा
दिया है जो मुझको वही तू मुझसे पायगा
वो घड़ी आ गई आ गई
तीर बनके जिगर मे उतार जाना है
मार देना है तुझको या मर जाना है
जादू तेरा किसपे चला होगा किसी दिन ये फ़ैसला
वो घड़ी आएगी आएगी
जाना तूने अभी ये कहाँ जाना है
किसे जीना है और किसको मर जाना है
वो घड़ी आएगी

होगा तेरा आशिक़ ज़माना औरो का दिल होगा तेरा निशाना
नाज़ ना कर यूँ तीर नज़र पे आए हमे भी तीर चलाना
जो है खिलाड़ी उन्हे खेल हम दिखाएँगे
अपने ही जाल मे शिकारी फँस जाएँगे
वो घड़ी आएगी आएगी
वक़्त आने पे तुझको समझना है
किसे जीना है और किसको मर जाना है
किसे जीना है और किसको मर जाना है